राजा जनकक नगरी जनकपुर मे देखायल PM मोदीक मिथिला-मैथिली प्रेम

कहलनि-अहां नोत द क बजेलौ एहि लेल आभारी छी

पटना । जनकपुर यात्राक दौरान पीएम मोदीक मन मे मिथिला आ मैथिलीक प्रति अपार प्रेम देखल गेल। सभाक बीच ओ मैथिली मे संबोधन क क उपस्थित लोक सभक मन मोहि लेलनि। अपन भाषणक दौरान पीएम मोदी कहलनि जे जगत जननी मां जानकी केर प्रवित्र भूमि गौरवशाली इतिहास भेल मिथिलाक सांस्कृतिक राजधानी इ जनकपुर धाम में हमरा न्यौत द के बजेलौ, आ सम्मान देलौ एकरा लेल हम सम्पूर्ण मिथिला वासी आ जनकपुर वासी केर नमन करैत छी। एकरा बाद पीएम पग पग पोखरि माछ मखान, सरल बोल मुसकी मुख पान, विद्या वैभव दानीक प्रतीक जनक नगर मिथिलांचल थीक केर माध्यम मिथिलाक इतिहास कें उद्धृत केलनि।

नरेंद्र मोदी दो दिनक नेपाल यात्रा पर शुक्रक भोरे विशेष विमानसं जनकपुर पहुंचला। सबसं पहिने ओ ऐतिहासिक जनकपुर मंदिर मे दर्शन केलनि। एकरा बाद अयोध्या-जनकपुर केर बीच बस सेवा कें हरी झंडी दिखा विदा केलनि। ओतहि जनकपुर जनसभा कें संबोधित करैत मोदी कहलिन जे नेपालक बिना राम अधूरा छथि। नेपाल-भारतक संबंध मे 5 गोट T अर्थात ट्रेड, ट्रेडिशन, ट्रांसपोर्ट, टूरिज्म और टेक्नोलॉजी केर फॉर्मूला देलनि। मोदी नेपाल मे एक हाइड्रो प्रोजेक्टक नाउ सेहो लेलनि।

जनसभा कें संबोधित करैत काल पीएम कहलिन जे “पहिल बेर नेपाल आयल रही तं संविधान सभा मे कहने रही जे बहुत जल्द जनकपुर आयब। सबसं पहिने अहां सबसं क्षमा मंगैत छी। कारण हमरा एबा मे बड़ देरी भ गेल। हमर मन कहैत अछि जे माता सीता संभवतः आइ भद्रकाली एकादशीक दिन अपन दर्शन देबाक इच्छा ठानि लेने रही।

मोदी कहलनि जे मिथिलाक तुलसी भारतक आंगन मे शुचिता आ मर्यादाक सुगंध पसारैत अछि। दुनिया भरि मे मिथिलाक संस्कृतिक स्थान बहुत ऊपर अछि। कवि विद्यापतिक रचना आइयो भारत आ नेपाल दुन केर साहित्य मे रचल बसल अछि। जनकपुर धाम आबि अहां सभक अपनापन देख एहन लागि रहल अछि जे हम अपने देश मे छी।

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