टटका समाद
अहाँक विज्ञापन
अहाँ कहलहुँ
- दयाकांत: Aadarniya Tarakant Jhajee apnek suchna awam prasaran matri se je manga kelhu o bahut jaruri achhi ekra te...
- Krishna Mohan Jha: पहिल बेर समादक अंक देखलँहु,बड्ड नीक लागल। बधाइ! अहाँ सभ बहुत सार्थक काज क रहल छी।
- Ram sufal shah: hi mithila basi jab hamara nepal ke raja badail gel rajake kanun sab badaigel ta rajtantar badailgel...
- सुनील झा: समादक मुख्य ध्येय थिक बिहारक सम्बन्ध में नीक खबरि देब. आब यदि ओहि में नीतीशक नाम बेर बेर आबैत छन्हि तऽ ओहि...
- रजनीश के झा: आहंक पत्रिका समाचार और विचार सय इतर बिहारक अन्य अखबारक भांति नितीश चालीसा बनल जा रहल थीक विकाश केर गाथा...
ई पेपर Archive
-
समादक 39वाँ अंक
-
इ-पेपर क पुरान अंक
पिछला लगभग दू साल स समाद परिवार मैथिली मे पहिल इ-पेपर निकालि रहल अछि। समाद क इ-पेपर क पुरान अंक... -
समाद क समाद
छह टा मैथिल महिलाक प्रयास स निकलि रहल समाद ई-पेपरक संबंध मे विभिन्न पत्र-पत्रिका मे खूब छपल। लोकक स्नेह रहल...
