आब मानि जाउ कए मानि गेल दरभंगा

मैलोरंगक त्रिदिवसीय मिथिला रंग महोत्सव शुरु

रोशन कुमार मैथिल

Aab Mani Jauदरभंगा । दरभंगाक एतिहासिक कामेश्वरनगर स्थित ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालयक नाट्य एवं संगीत विभागक सभागार शुक्रक सांझ खचाखच भरि गेल छल। दरभंगा क एक सं एक दिग्गज लोकनि अपन अपन उपस्थिति दर्ज करा रहल छला। अवसर छल मैलोरंग द्वारा आयोजित त्रीदिवसीय मिथिला रंग महोत्सवक। ध्वनी औरप्रकाश क मध्यम उपस्थिति स समय आरम्भ भेल मैथिलीक सबसे लोकप्रिय निर्देशक प्रकाश झाक निर्देशन में नाटक आब मानि जाउ क मंचन।

पहिल दिनक नाटक आबि मानि जाउ दर्शक लोकनिकें बड़ नीक लागल। परिणाम स्वरूप सभागार बेर बेर थपरीसं गुंजायमान होइत रहल। सभागार मे ध्वनी व्यवस्था कमजोर छल आ प्रकाश व्यवस्था मे सेहो किछु ठाम त्रुटि देखल गेल, मुदा निर्देशन क मामला मे नाटक अदभुत कहल जा सकैत अछि। प्रकाश झा आब मैथिली रंगमंच पर अपन लकीर अपने नापी रहल छथि। मुख्य भूमिका में सोनिया झा, मुकेश झा आ मनोज शांडिल्य नीक अभिनय केलनि। सोनिया खास कए बुच्चिया क चरित्र कए जीवंत क देलथि।

दलित समाजमे नारीपर भ रहल अत्याचार पर केंद्रीत एहि नाटकक कहानी एक तरहे अवैध प्रेम प्रसंगक छल। जाहिमे एकटा संपन्न कुलक विवाहित युवक एकटा कुमारि दलित युवतीसं प्रेम करैत अछि आ ओकरा संग दैहिक संबंध बनबैत अछि। परिणामस्वरूप ओ गर्भवती भ जाइत अछि। एकरा बाद युवक द्वारा लड़कीकें बच्चा खसेबा लेल कहल जाइत अछि। एहि लेल लड़की किन्नहु तैयार नहि होइत अछि आ ओहि भोगी युवककें त्यागि दैत अछि। एहिसं पूवज़् एकटा दबंग गरीब हितैषी द्वारा दलित युवतीक विवाह लेल एकटा लड़काकें जबरन पकरि क आनल जाइत अछि विवाह लेल, मुदा ओ भागबामे सफल भ जाइत अछि। ओमहर संपन्न कुलक युवकक पत्नीकें जखन ज्ञात होइत अछि जे ओकर पतिक बच्चा बुच्चिया नामक दलित लड़कीक पेटमे अछि त ओ पति संग प्रतिकार करैत अछि। आपसी विवादमे ओकर मृत्यु भ जाइत अछि। तखन ओहि युवकक बाप बुच्चियासं अपन बेटाक विवाह करए लेल तैयार होइत अछि, जकरा बुच्चिया नकारि दैत अछि।

एहि स पूर्व निश्चित समय पर कामेश्वरसिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय केर कुलपति डा देवनारायण झा, विधायक संजय सरावगी सहित अन्य गण्यमान्य अतिथि गण कार्यक्रमक विधिवत शुभारंभ केलनि। एहि अवसर पर कुलपति श्री झा कहलनि जे मिथिलाक रंग मंच परंपरा काफी पुरान अछि आ एहि तरहक प्रयास अगर सतत जारी रहै त एक दिन विश्वमंच पर मिथिलाक रंगमंच अपन उपस्थिति दर्ज करत। पहिने हिंदी फेर मैथिली मे देल गेल अपन संबोधन मे विधायक श्री सरावगी कहला जे दरभंगा मे रंगमंच क इतिहास त बहुत समृद्ध अछि मुदा एहि लेल नीक सभागार उपलब्ध नहि। ओ कहला जे अगर हुनका लग कोनो प्रस्ताव आउत त अपन एच्छिक कोष स ओ सभागार क निर्माण करेबाक प्रयास करताह। एहि अवसर पर अभिनेता अनिल मिश्रा कें सम्मानित कएल गेल। नाटकक अंतमे प्रत्येक कलाकारक परिचय दर्शक लोकनिसं कराओल गेल।

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