बदलि गेल किछु फाइलक चेहरा

पटना। बिहार सचिवालय मे धीरे धीरे सही मुदा बदलाव देखबा मे भेट रहल अछि। सचिवालय क विभाग मे गेला पर आब टेबुल पर पडल फाइल क अंदाज किछु नव लागत। दंगा, फाटल आ छिडियाइल फाइल क जगह पर नव कवर क दर्शन होएत सेहो सुव्‍यवस्थित रूप स। उज्‍जर कागज साटल भेटत। खाना बनल अछि, क्रमांक, अधिकारी, कर्मचारी क नाम, प्राप्ति क तिथि, संचिका संख्या, विभाग, विषय आदि सब किछु सही ढंग स। सब टा मे सब तरहक खाना बनल अछि। एकटा फाइल उठा कए देखल त ओहि मे ब्योरा सेहो दर्ज छल। दरअसल फाइल एकटा अधिकारी या कर्मचारी क लग मे तीन दिन स बेसी नहि रहबाक पुरान प्रावधान कए आब जा एक लागू कैल गेल अछि। कार्यसंस्कृति मे सुधार क लेल सरकार एकरा सख्ती स लागू करए चाहि रहल अछि। संचिका क कवर पर फाइल क प्राप्ति आओर रवानगी क ब्योरा दर्ज कैल जा रहल अछि। एहि मकसद स सामान्य प्रशासन विभाग 13 अप्रैल कए निर्देश जारी केने छल। कहल गेल अछि जे 25 अप्रैल स इ व्यवस्था लागू भ गेल। एहि तिथि स बिना प्रविष्टि क संचिका कोनो स्तर पर प्राप्त नहि कैल जाएत। पहिल दिन परेशानी वित्त, सामान्य प्रशासन, विधि जइसन ओहि विभाग मे रहल जतए दोसर विभाग स संचिका अबैत अछि। चूंकि ओ पहिने स गतिमान अछि। एहि विभाग मे पहिने स पहुंचल संचिका पर काज चलैत रहल त बिना कवर-फार्मेट वाला नव संचिका कए वापस करि देल गेल। सामान्य प्रशासन विभाग त एहि तरह क छपल फाइल क लेल आदेश सेहो द देलक। कवर क संग बैक कवर पर सेहो ब्योरा दर्ज करबाक प्रावधान रहत। मकसद इ जे अलग स कागज क फार्मेट सटबाक जरूरत न पड़ए। आदेश क असर इ सेहो रहल जे कतिपय विभाग मे लोक फाइल कए अपन टेबुल स जल्द स जल्द निपटेबाक मे लागल रहल। जतए फाइल क भीड़ रहैत छल, आइ साफ रखबाक होड़ छल।

नीक वा अधलाह - ज़रूर कहू जे मोन होय

comments